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कुम्भ मेला कार्य में अनावश्यक धन न खर्च किया जाये: रामनरेश् यादव

हरिद्वार । अंतरराष्ट्रीय उपभोक्ता कल्याण समिति के प्रदेश अध्यक्ष तथा समाजवादी विचारक रामनरेश यादव ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को पत्र प्रेषित कर 2021 में हरिद्वार में होने वाले कुंभ मेले की तैयारियों में अनावश्यक धन खरच न करने की मांग की है । पत्र में उन्होंने लिखा है कि अभी तक कुंभ मेले की तैयारियां ना के बराबर हैं और लाक डाउन के चलते निर्माण कार्य न होने से कुंभ कार्य पूर्ण नहीं हो पाएंगे। जून माह से वर्षा ऋतु प्रारंभ हो जाएगी तथा 3 महीने बरसात के बाद इतना समय नहीं बचेगा कि दिसंबर 2020 तक सभी कार्य पूर्ण कर लिए जाएं । इससे पूर्व जुलाई माह में आयोजित होने वाला श्रावण मास का कावड़ मेला भी औपचारिक ही रहेगा और दोनों मेलों में यदि करोड़ों की संख्या में भी जनता  आती है तो कोरोना जैसे किसी अन्य वायरस की आशंका से भी इनकार नहीं किया जा सकता है ।   कुंभ एवं कावड़ दोनों मेलों को आस्था के नाम पर केवल धार्मिक औपचारिकता बताते हुए उन्होंने बताया कि इससे पूर्व 2019 में प्रयागराज में संपन्न हुए अर्धकुंभ मेले में इतनी बड़ी धनराशि व्यय करने के बाद भी न तो देश का भला हुआ ना समाज का और ना ही आयोजक सरकार को उससे कोई विशेष लाभ हुआ क्योंकि हमारा संत समाज अब समाज और राष्ट्र का पथ प्रदर्शक न होकर स्वार्थी एवं धनलोलुप बनकर रह गया है । सोशल डिस्टेंस के माध्यम से लाक डाउन कर जिस प्रकार कोरोना से विजय पाई जा रही है कावड़ मेला तथा कुंभ मेलों से संपूर्ण मानवता को बहुत बड़ा खतरा हो सकता है । हरिद्वार में आयोजित होने वाले दोनों बड़े आयोजनों सावन मास का कावड़ मेला तथा 2021 के कुंभ को स्थगित करने के लिए किसी धर्मगुरु के माध्यम से घोषणा कराई जाए तो अति उत्तम रहेगा ।  पत्र की प्रति उत्तराखंड के मुख्यमंत्री श्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को प्रेषित कर आर्थिक संकट से जूझ रहे देश एवं राज्य पर किसी निरर्थक मेले के आयोजन पर बड़ी धनराशि का व्यय न करने की मांग की है ।

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